लोगोंं के प्रेरणादायी कार्यों की शक्ति से निरंतर आगे बढ रहा है देश : मोदी

लोगोंं के प्रेरणादायी कार्यों की शक्ति से निरंतर आगे बढ रहा है देश : मोदी

नयी दिल्ली, 31 मई। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि देश के गांवों और शहरों में ऐसे अनेक प्रेरणादायी कार्य हो रहे हैं जिनसे यह विश्वास मजबूत होता है कि देश लोगों की शक्ति से निरंतर आगे बढ रहा है।श्री मोदी ने रविवार को अपने मासिक रेड़ियो कार्यक्रम ‘ मन की बात’ की 134 वीं कड़ी में इसी तरह के अनेक प्रेरणादायी कार्यों का उल्लेख करते हुए लोगोंं से इनकी सराहना करने तथा इनसे जुड़ने की अपील की है। उन्होंंने कहा ,” भारत के हर गाँव में, हर शहर में, कुछ-न-कुछ ऐसा हो रहा है जो हमें प्रेरणा देता है। कई बार, इन प्रयासों की ज्यादा चर्चा नहीं होती, लेकिन जब हम इन्हें जानते हैं, तो ये विश्वास और मजबूत होता है, कि देश, अपने लोगों की शक्ति से आगे बढ़ रहा है। मेरा आपसे आग्रह है, अपने आसपास ऐसे प्रयासों को जरूर देखिए। जो लोग समाज के लिए अच्छा काम कर रहें हैं, उन्हें पहचानिए, उनकी सराहना कीजिए, उनसे सीखिए, और हो सके तो खुद भी किसी अच्छे काम से जुड़िए।”

श्री मोदी ने तमिलनाडु के नागरकोइल में एक शिक्षिका गिरिजा अम्मा के साथ अपनी मुलाकात को साझा करते हुए कहा कि गिरिजा अम्मा जी करीब 15 स्कूल चलाती हैं। इनमें चेन्नई का जयगोपाल गरोडिया हिन्दू विद्यालय बहुत प्रमुख है। उनकी देशभक्ति की भावना हर भारतवासी को प्रेरित करने वाली है। उन्होंने ‘मन की बात’ से प्रेरणा लेकर देश के अनेक सैनिकों के लिए योगदान का संकल्प लिया। इसके लिए उन्होंने अपने सभी स्कूलों के को प्रेरित किया। उन्होंने बच्चों से कहा कि वे वीर जवानों के लिए हर दिन एक रुपया योगदान दें। यानी एक साल में हर छात्र की ओर से 365 रुपये जमा हुए। इस छोटे-छोटे योगदान से करीब 40 लाख रुपये इकट्ठा हुए।प्रधानमंत्री ने कहा,” गिरिजा अम्मा जी ने इस पूरी राशि का चेक मुझे सौंपा। उनसे बातचीत के दौरान मैंने महसूस किया कि माँ भारती के प्रति उनका समर्पण कितना गहरा है। पिछले वर्ष ही चेन्नई के पहले हिन्दू विद्यालय ने अपने 50 वर्ष पूरे किए हैं। देश की शिक्षा और सांस्कृतिक गौरव को आगे बढ़ाने में इस स्कूल नेटवर्क की भूमिका बहुत प्रशंसनीय है।”

उन्होंने केरलम के आलुवा में, साजी वलाशेरिल द्वारा चलाये जा रहे निशुल्क स्वीमिंग क्लब का भी उल्लेख किया और कहा कि यहां अब तक 15 हजार से ज्यादा लोग यहाँ तैरना सीख चुके हैं । विशेष बात यह है कि श्री साजी जी ने दिव्यांग बच्चों को भी तैराकी सिखाई है।प्रधानमंत्री ने कहा , ” साजी वलाशेरिल जी का जीवन, हमें एक बहुत बड़ी सीख देता है। सेवा करने के लिए बहुत बड़े साधन जरूरी नहीं होते – जरूरी होता है, एक अच्छा इरादा और लगातार किया गया प्रयास। इन्हीं के दम पर, हजारों लोगों के जीवन में बदलाव लाया जा सकता है ।”

श्री मोदी ने उत्तर प्रदेश में गंगा डोल्फिन को बचाने की कोशिश से जुड़े एक चर्चित वीडियो का भी अपने कार्यक्रम में जिक्र किया और कहा कि करीब 13 घंटे चले अभियान के बाद आखिरकार वह डोल्फिन बच गई। उन्होंने कहा कि इस अभियान में भारत की पहली गंगा डोल्फिन बचाव एम्बुलेंस की भूमिका का उल्लेख किया। इस डोल्फिन को ठीक होने के बाद एक बार फिर राप्ती नदी में छोड़ा गया।उन्होंने उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले की भी इसी तरह की प्रेरक गाथा का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा,” बस्ती के आकाश गुप्ता अपने गाँव की मनोरमा नदी को देखकर बहुत दुखी होते थे। क्योंकि जिस नदी को उन्होंने बचपन में साफ और जीवंत देखा था। समय के साथ उस नदी में प्लास्टिक जमा होने लगा था। गंदगी बढ़ती चली जा रही थी। श्रीमान आकाश ने तय किया कि शिकायत नहीं करेंगे, एक नई शुरुआत करेंगे। शिकायत नहीं, शुरुआत मंत्र बन गया। उन्होंने अपने दोस्तों को साथ लिया। सिर्फ जाल था, फावड़ा था, टोकरी थी और सबसे बड़ी ताकत थी, कुछ बदलने का संकल्प। ये युवा नदी में उतरते थे, जलकुंभी निकालते थे। प्लास्टिक और कचरा बाहर लाते थे। कई बार एक दिन में 50-60 किलो तक कचरा नदी से निकाला गया। धीरे- धीरे मनोरमा नदी का वह हिस्सा फिर से साफ दिखने लगा। आसपास के लोगों का ध्यान भी इस काम की तरफ गया। लोगों में स्वच्छता को लेकर जागरूकता बढ़ी।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *