
मथुरा, 9 जून । उत्तर प्रदेश के मथुरा जिला स्थित विश्व प्रसिद्ध ठाकुर बांके बिहारी मंदिर के समीप मंगलवार शाम एक बड़ा हादसा हो गया। वृंदावन की गली नंबर-5 में एक जर्जर मकान का छज्जा अचानक भरभराकर गिर पड़ा, जिसकी चपेट में आकर कई श्रद्धालु घायल हो गए। हादसे के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार मंदिर के आसपास स्थित संकरी गली से श्रद्धालुओं का आवागमन जारी था। इसी दौरान एक पुराने मकान के छज्जे पर बड़ी संख्या में बंदर उछल-कूद और आपस में लड़ाई कर रहे थे। बंदरों के भार और लगातार गतिविधि के कारण कमजोर हो चुका छज्जा अचानक ढह गया और नीचे से गुजर रहे श्रद्धालु मलबे की चपेट में आ गए।
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय लोगों, दुकानदारों और पुलिसकर्मियों ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। मलबे में दबे श्रद्धालुओं को बाहर निकालकर तत्काल उपचार के लिए रामकृष्ण मिशन अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों की निगरानी में उनका इलाज जारी है।अस्पताल सूत्रों के अनुसार घायलों में अलीगढ़ निवासी लक्ष्मीनारायण (35) पुत्र शिशुपाल, आगरा निवासी विजय (35) पुत्र सतीश, उनका पांच वर्षीय पुत्र रुद्रांश, उर्मिला देवी (70) पत्नी गोविंद लाल तथा मेघा सैनी शामिल हैं। इसके अतिरिक्त राजस्थान से दर्शन के लिए आईं चंचल प्रजापति (26) पुत्री ओमप्रकाश और जानकी देवी (48) पत्नी ओमप्रकाश भी घायल हुई हैं। चिकित्सकों के अनुसार सभी घायलों का उपचार किया जा रहा है।
सूचना मिलते ही पुलिस एवं जिला प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंच गए। एहतियात के तौर पर दुर्घटनास्थल के आसपास बैरिकेडिंग कर लोगों की आवाजाही नियंत्रित कर दी गई है। नगर निगम की टीम ने मलबा हटाने का कार्य भी शुरू कर दिया।प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है और जर्जर भवनों की पहचान कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। श्रद्धालुओं से भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में सतर्कता बरतने तथा प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।
उल्लेखनीय है कि वृंदावन में बंदरों की बढ़ती संख्या लंबे समय से स्थानीय प्रशासन और श्रद्धालुओं के लिए चिंता का विषय बनी हुई है। मंगलवार को हुई इस घटना ने मंदिर क्षेत्र में स्थित पुराने एवं जर्जर भवनों की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।