
लखनऊ, 13 जुलाई। उत्तर प्रदेश में मानसून की कमजोर पड़ती सक्रियता के कारण अगले तीन से चार दिनों के दौरान प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में उमस भरी गर्मी बढ़ने के आसार हैं। मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बना अवदाब तंत्र पूर्वी उत्तर प्रदेश पहुंचने के बाद कमजोर पड़ गया है, जबकि मानसूनी द्रोणी भी अपनी सामान्य स्थिति से काफी उत्तर की ओर तराई क्षेत्र में खिसक गई है। इसके चलते प्रदेश में मानसूनी हवाओं की सक्रियता कम हो गई है। मौसम विभाग की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार फिलहाल प्रदेश में कोई अन्य प्रभावी मौसम तंत्र सक्रिय नहीं है। इसके कारण आगामी तीन-चार दिनों में अधिकांश क्षेत्रों में मौसमी गतिविधियां अत्यंत सीमित रहेंगी और केवल कहीं-कहीं हल्की अथवा छिटपुट वर्षा होने की संभावना है।मौसमी गतिविधियों में कमी के चलते अधिकतम और न्यूनतम तापमान में एक बार फिर क्रमिक वृद्धि होने की संभावना है, जिससे प्रदेश भर में उमस भरी गर्मी लोगों की परेशानी बढ़ा सकती है। सोमवार को लखनऊ का अधिकतम तापमान सामान्य से 2.8 डिग्री सेल्सियस अधिक 36.9 डिग्री सेल्सियस तथा न्यूनतम तापमान सामान्य से 2.3 डिग्री अधिक 28.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में एक बार फिर नई मौसमी हलचल के संकेत मिल रहे हैं। इसके प्रभाव से आगामी दिनों में प्रदेश में मानसूनी गतिविधियों में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होने की संभावना है, जिससे वर्षा का दौर फिर सक्रिय हो सकता है।