
मथुरा, 07 अगस्त। श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति के लिए नौ अगस्त को प्रस्तावित ‘कार सेवा’ को फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। शुक्रवार को ललितकुंज, गोशाला नगर में आयोजित चिंतन बैठक में संत-महापुरुषों और धर्माचार्यों ने सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया। अब नौ अगस्त को कार सेवा के स्थान पर यज्ञ, हवन-पूजन और वैदिक अनुष्ठान आयोजित किया जाएगा।श्री चित्रगुप्त पीठ के पीठाधीश्वर डॉ. सच्चिदानंद ने बताया कि चार जुलाई को कार सेवा की घोषणा के बाद से इसकी तैयारियां चल रही थीं। उन्होंने कहा कि श्रावण मास और कांवड़ यात्रा के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने, प्रशासन के साथ संवाद तथा ब्रजभूमि में पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के प्रस्तावित आगमन की सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए कार सेवा स्थगित करने का निर्णय लिया गया है।
बैठक में तय किया गया कि नौ अगस्त को सुबह नौ बजे वैदिक मंत्रोच्चार के साथ यज्ञ आयोजित किया जाएगा। इसमें भगवान श्रीकृष्ण के भव्य मंदिर निर्माण के संकल्प के साथ न्यायिक प्रक्रिया में शीघ्र निर्णय, मंदिर निर्माण की बाधाएं दूर होने और विपक्षी पक्ष में सद्बुद्धि के लिए प्रार्थना की जाएगी।संत समाज ने अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद एवं मनसा देवी ट्रस्ट के अध्यक्ष महंत रवींद्र पुरी के आश्वासन के बाद निर्णय लिया कि परिषद के मार्गदर्शन में सभी धर्माचार्यों से विचार-विमर्श कर कार सेवा की नई तिथि घोषित की जाएगी। बैठक में महामंडलेश्वर राधाप्रसाद जू महाराज, मोहनी बिहारी जी महाराज, सुरेशानंद जी, धर्मरक्षा संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष सौरभ गौड़, स्वामी अतुल कृष्ण, महामंडलेश्वर रामदास और स्वामी आदित्य नंद गिरी सहित कई संत मौजूद रहे। धर्म रक्षा संघ ने निर्णय का समर्थन किया है।