
लखनऊ, 29 सितंबर । पूर्व आईएएस अधिकारी दिव्या मित्तल ने राजनीति में उतरने का ऐलान किया है। हाल ही में स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति (वीआरएस) लेने वाली मित्तल ने कहा कि वह किसी राजनीतिक दल के साथ नहीं, बल्कि जनता के साथ राजनीति करेंगी और लोगों की आवाज बनेंगी।दिव्या मित्तल ने सोशल मीडिया पर जारी संदेश में कहा, “चलिए हिसाब मांगते हैं।” उन्होंने कहा कि राजनीति में आने का उनका उद्देश्य जनता से जुड़े सवालों को उठाना है। उन्होंने अपने संदेश में कहा, “हिसाब चाहिए, न्याय चाहिए, डरना नहीं है।”
सुश्री मित्तल ने कहा कि उनकी राजनीतिक यात्रा की शुरुआत उत्तर प्रदेश से होगी। हालांकि, उन्होंने अभी यह स्पष्ट नहीं किया है कि वह किसी राजनीतिक दल में शामिल होंगी या स्वतंत्र रूप से राजनीतिक गतिविधियां करेंगी। दिव्या मित्तल उत्तर प्रदेश में प्रशासनिक सेवा के दौरान कई महत्वपूर्ण पदों पर रही हैं। वह मिर्जापुर और देवरिया समेत कई जिलों की जिलाधिकारी रह चुकी हैं। प्रशासनिक कार्यशैली और जनसरोकार से जुड़े मुद्दों को लेकर वह चर्चा में रही हैं।वीआरएस लेने के बाद उनके राजनीति में आने की अटकलें लगाई जा रही थीं। अब उनके ताजा ऐलान से इन अटकलों को विराम मिला है। उन्होंने अपने संदेश में जनता के साथ खड़े होकर राजनीति करने की बात कही है।
सुश्री मित्तल के राजनीतिक पदार्पण के स्वरूप और आगे की रणनीति को लेकर अभी तस्वीर स्पष्ट नहीं है। यह भी देखना होगा कि उत्तर प्रदेश की राजनीति में वह किस तरह की भूमिका तय करती हैं और उनके राजनीतिक अभियान का स्वरूप क्या रहता है।