इज़रायल-हमास संघर्ष में लेबनान भी कूदा

इज़रायल-हमास संघर्ष में लेबनान भी कूदा

तेल अवीव, 11 अक्टूबर। इज़रायल और फिलिस्तीनी आतंकवादी समूह हमास के बीच जंग  में लेबनान भी शामिल हो गया है और लेबनान के हिजबुल्लाह समूह ने टैंकरोधी मिसाइलों से इज़रायली सेना पर हमला किया जिसके बाद इज़रायली सेना ने लेबनान की ओर भी मोर्चा खोल दिया है।
उधर इज़रायली हमले में हमास के दो बड़े कमांडरों के मारे जाने की खबर के बीच गुरुवार को ब्रुसेल्स में नाटो की एक महत्वपूर्ण बैठक में इज़रायली रक्षा मंत्री नाटो  देशों को संघर्ष की ताज़ा स्थिति की जानकारी देंगे।
ताज़ा आंकड़ों के अनुसार इज़रायली फौज के हाथों कम से कम 900 फिलिस्तीनियों की मौत हुयी जबकि हमास ने शनिवार को संघर्ष शुरू होने के बाद से 1200 से अधिक इजरायलियों को मौत के घाट उतारा है।
हमास ने शनिवार को गाजा पट्टी से इजरायल के खिलाफ बड़े पैमाने पर रॉकेट हमला करके दुनिया को चौंका दिया है। इजरायल द्वारा सोमवार को पूरी तरह से नाकाबंदी करने के आदेश के बाद, गाजा पट्टी इलाके में पानी, खाद्य और ईंधन आपूर्ति पूरी तरह से बंद हो गयी।  
हमास से जुड़े एक फिलिस्तीनी चैनल ‘अल अक्सा’ ने बुधवार को बताया कि गाजा पट्टी के दक्षिण में इजरायली हवाई हमले के दौरान हमास आंदोलन की सशस्त्र शाखा, अल-कसम ब्रिगेड के कमांडर के रिश्तेदार मारे गए। एक इजरायली युद्धक विमान ने अल-कसम के मुख्य कमांडर मोहम्मद अल-दीफ के भाई के घर को निशाना बनाया। चैनल की रिपोर्ट के अनुसार, हमले में घर को पूरी तरह से नष्ट हो गया और हमले में खान यूनिस शहर में उनके भाई, साथ ही उनके भाई के बेटे और बेटी की मौत हो गयी है। हालांकि यह पता नहीं चल सका है कि बमबारी के समय ब्रिगेड कमांडर घर में मौजूद था या नहीं। चैनल ने यह भी बताया कि हमले के परिणामस्वरूप कई लोग घायल हो गए। आज गाजा पट्टी पर इजरायली हमले में हमास के दो राजनीतिक अधिकारी मारे गए।
इसबीच इजरायली रक्षा बलों ने (आईडीएफ) ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी कि आज एक इज़रायली लड़ाकू विमान ने गाजा पट्टी में उस इस्लामिक विश्वविद्यालय को नेस्तनाबूद कर दिया जिसका उपयोग हमास सैन्य खुफिया कार्यकर्ताओं के लिए हथियारों के विकास और उत्पादन के साथ-साथ ‘प्रशिक्षण शिविर’ के रूप में करता था।आईडीएफ ने यह भी कहा कि इज़रायल पर लेबनान की ओर से टैंकरोधी मिसाइलें दागी गयीं हैं जिसके बाद इजरायली सेना जवाबी कार्रवाई रही है।
उधर अमेरिका के सैन्य सहयोगियों के संगठन -उत्तर अटलांटिक संधि संगठन (नाटो) के प्रतिनिधि कल इज़रायली रक्षा मंत्री योव गैलेंट से मिलेंगे और उनसे ताज़ा हालात की जानकारी लेने के बाद आगे की रणनीति पर विचार करेंगे। ब्रुसेल्स में नाटो सदस्य मंत्रियों की बैठक से पहले नाटो के महासचिव जेन्स स्टॉलटेनबर्ग ने कहा कि नाटो सदस्य देशों के रक्षा मंत्री को इजरायली रक्षा मंत्री योव गैलेंट गुरुवार को 12 अक्टूबर को अपने युद्धग्रस्त क्षेत्र की स्थिति की जानकारी देंगे। इसी बीच, नीदरलैंड की रक्षा मंत्री काजसा ओलोंग्रेन ने कहा, “फिलिस्तीन-इज़रायल के बीच संघर्ष बढ़ने से क्षेत्र में अस्थिरता एवं असुरक्षा का खतरा और अधिक फैल गया है लेकिन नाटो का पूरा ध्यान यूक्रेन पर भी है।”
उधर माॅस्को में रूसी राष्ट्रपति के कार्यालय क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने संवाददाताओं से कहा, “रूस, इजरायल और फिलिस्तीन दोनों के साथ बातचीत करता है लेकिन वह आतंकवादी कृत्यों की निंदा किए बिना नहीं रह सकता है।”              

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