
नयी दिल्ली, 21 नवंबर इज़रायल ने पाकिस्तान द्वारा प्रायोजित आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा को एक आतंकवादी संगठन के रूप में सूचीबद्ध करने की घोषणा की है।
नयी दिल्ली स्थित इज़रायली राजदूतावास ने मंगलवार को यहां यह जानकारी देते हुए कहा कि मुंबई में 26 नवंबर 2008 को हुए आतंकवादी हमलों की 15वीं बरसी के मौके पर, इज़रायल सरकार ने लश्कर-ए-तैयबा को एक आतंकवादी संगठन के रूप में सूचीबद्ध किया है।
इज़रायली राजदूतावास ने यह भी कहा कि भारत सरकार की ओर से इज़रायल की सरकार से इस तरह का कोई अनुरोध नहीं किया गया था। फिर भी इज़रायल सरकार ने औपचारिक रूप से सभी आवश्यक प्रक्रियाओं तथा लश्कर-ए-तैयबा को अवैध आतंकवादी संगठनों की इज़रायली सूची में शामिल करने के लिए सभी आवश्यक जांच और नियमों को पूरा कर लिया है।
दूतावास के बयान के अनुसार जबकि इज़रायल केवल उन आतंकी संगठनों को सूचीबद्ध करता है जो उसकी सीमाओं के भीतर या उसके आसपास इज़रायल अथवा या उसी तरह से भारत के खिलाफ सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं तथा जिन्हें वैश्विक स्तर पर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद या अमेरिकी विदेश विभाग द्वारा अधिघोषित किया गया है। आतंकवाद से लड़ने में एकीकृत वैश्विक मोर्चे के महत्व को उजागर करने के लिए, इज़रायल के रक्षा और विदेश मंत्रालयों ने पिछले कुछ महीनों में संयुक्त रूप से लश्कर-ए-तैयबा को त्वरित और असाधारण खतरे के रूप में सूचीबद्ध करने की दिशा में काम किया है।
इज़रायली दूतावास ने कहा लश्कर-ए-तैयबा एक घातक और निंदनीय आतंकवादी संगठन है, जो सैकड़ों भारतीय नागरिकों के साथ-साथ अन्य लोगों की हत्या के लिए जिम्मेदार है। 26 नवंबर, 2008 को इसके जघन्य रक्तपात अभी भी सभी शांति चाहने वाले देशों और समाजों के ज़ेहन में ताज़ा है।
बयान में कहा गया कि इज़रायल आतंकवाद के सभी पीड़ितों और मुंबई हमलों के जीवित बचे लोगों एवं शोक संतप्त परिवारों के प्रति हार्दिक संवेदना व्यक्त करता है। बेहतर शांतिपूर्ण भविष्य की आशा में एकजुट होकर भारत के साथ खड़ा है।