
नयी दिल्ली, 07 जून। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष तथा लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट और सीबीएसई से जुड़ी कथित अनियमितताओं के मामले में तथ्य सामने लाने वाले 18 वर्षीय सार्थक और उसके साथी निसर्ग की सराहना करते हुए कहा है कि देश की युवा शक्ति सत्ता और शासन से सवाल पूछने और सच उजागर करने का साहस रखती है।
श्री गांधी ने रविवार को सोशल मीडिया एक्स पर लिखा कि सार्थक मात्र 18 वर्ष का है, लेकिन उनकी सोच, साहस और सिद्धांत किसी से कम नहीं हैं। उन्होंने कहा कि सार्थक और उसके साथी निसर्ग ने वह कर दिखाया जो देश के बड़े मीडिया संस्थान और खोजी पत्रकार भी नहीं कर पाए तथा सीबीएसई और सीओईएमपीटी की कथित मिलीभगत को देश के सामने रखा।उन्होंने कहा “सरकार चाहती है कि युवा केवल मनोरंजन में उलझे रहें और सवाल न पूछें, लेकिन इन युवाओं ने न केवल सवाल पूछे बल्कि उनके जवाब भी तलाश निकाले। यह इस बात का प्रमाण है कि देश के नौजवान जागरूक, जिज्ञासु और जानकार हैं तथा भारत का भविष्य किसी बहकावे में आने वाला नहीं है। देश का 18 साल का बच्चा सीबीआई से तेज निकला। नौजवानों की यह जीत सही मायने में सरकार की हार है।”गौरतलब है कि सार्थक और निसर्ग ने सीबीएसई की परीक्षा संबंधी एक निविदा प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं और साइबर सुरक्षा प्रमाणपत्रों को लेकर सवाल उठाए थे। दोनों युवाओं की पड़ताल के बाद इस मामले को राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा मिली और परीक्षा प्रणाली से जुड़ी पारदर्शिता तथा जवाबदेही को लेकर बहस तेज हो गई है।श्री गांधी ने इस ट्वीट में सार्थक के साथ एक तस्वीर भी पोस्ट कर लिखा “सार्थक पूरे सिस्टम पर भारी'”