
नोएडा/लखनऊ, 14 जून । उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में तेजी से विकसित हो रहे प्रदेश के आधारभूत ढांचे को सोमवार को एक और बड़ी उपलब्धि मिलने जा रही है। प्रदेश की महत्वाकांक्षी परियोजना नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) से 15 जून को वाणिज्यिक उड़ान सेवाओं का औपचारिक शुभारंभ होगा। इस ऐतिहासिक अवसर पर इंडिगो एयरलाइंस पहली लॉन्च कैरियर के रूप में उद्घाटन उड़ानों का संचालन करेगी।
जारी कार्यक्रम के अनुसार उद्घाटन उड़ान संख्या 6E-2278 सोमवार सुबह 7:05 बजे लखनऊ से प्रस्थान कर 8:05 बजे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंचेगी। इसके बाद यही विमान सुबह 8:35 बजे नोएडा से बेंगलुरु के लिए रवाना होगा और 11:05 बजे बेंगलुरु पहुंचेगा।
वापसी में उड़ान संख्या 6E-2279 दोपहर 3:45 बजे बेंगलुरु से उड़ान भरकर शाम 6:20 बजे नोएडा पहुंचेगी। इसके उपरांत विमान शाम 6:55 बजे नोएडा से लखनऊ के लिए रवाना होकर रात्रि 8:00 बजे राजधानी पहुंचेगा।
उद्घाटन उड़ानों का कार्यक्रम इस प्रकार है :
| सेक्टर | उड़ान संख्या | प्रस्थान समय | आगमन समय |
|---|---|---|---|
| लखनऊ-नोएडा | 6E-2278 | 07:05 प्रातः | 08:05 प्रातः |
| नोएडा-बेंगलुरु | 6E-2278 | 08:35 प्रातः | 11:05 पूर्वाह्न |
| बेंगलुरु-नोएडा | 6E-2279 | 03:45 अपराह्न | 06:20 अपराह्न |
| नोएडा-लखनऊ | 6E-2279 | 06:55 अपराह्न | 08:00 रात्रि |
पश्चिमी उत्तर प्रदेश को मिलेगा नया एविएशन हब
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की परिकल्पना के अनुरूप विकसित किया गया नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पश्चिमी उत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर तथा आसपास के राज्यों के लिए एक नए एविएशन और लॉजिस्टिक्स हब के रूप में स्थापित होगा। इंडिगो एयरलाइंस ने घोषणा की है कि वह चरणबद्ध तरीके से इस एयरपोर्ट को देश के 16 से अधिक प्रमुख शहरों से जोड़ेगी।
प्रदेश की नई पहचान बन रहा जेवर एयरपोर्ट
जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को उत्तर प्रदेश के बदलते आर्थिक और औद्योगिक परिदृश्य का प्रतीक माना जा रहा है। एक्सप्रेसवे, मेट्रो, डिफेंस कॉरिडोर, डेटा सेंटर और औद्योगिक निवेश की श्रृंखला में यह परियोजना मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के इंफ्रास्ट्रक्चर आधारित विकास मॉडल की महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में उभर रही है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह एयरपोर्ट प्रदेश को देश के प्रमुख एविएशन, व्यापार और लॉजिस्टिक्स केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। इसके संचालन से निवेश, रोजगार, पर्यटन और औद्योगिक गतिविधियों को नई गति मिलने की उम्मीद है।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के संचालन के साथ ही उत्तर प्रदेश देश के उन चुनिंदा राज्यों में शामिल हो जाएगा, जहां आधुनिक हवाई संपर्क सुविधाओं का तेजी से विस्तार हो रहा है। इसे प्रदेश के समग्र विकास और ‘विकसित भारत’ के संकल्प की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है।