
मथुरा, 31 जुलाई। संसद भवन परिसर के बाहर सांसद पप्पू यादव द्वारा किए गए प्रदर्शन को लेकर मथुरा के गोवर्धन क्षेत्र में साधु-संतों ने विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान संतों ने उनका पुतला दहन कर प्रदर्शन के प्रति नाराजगी जताई और विभिन्न मांगें उठाईं।गोवर्धन क्षेत्र के ग्राम जुल्हेदी स्थित चित्रगुप्त आश्रम में आयोजित विरोध प्रदर्शन में साधु-संतों ने सांसद पप्पू यादव के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शन के दौरान उनके पोस्टर लगाकर प्रतीकात्मक पुतला दहन किया गया।
चित्रगुप्त पीठ के पीठाधीश्वर स्वामी सच्चिदानंद महाराज ने कहा कि संसद की गरिमा और पवित्रता बनाए रखना सभी जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी है। उन्होंने लोकसभा अध्यक्ष से पप्पू यादव की संसद सदस्यता रद्द करने की मांग करते हुए कहा कि धार्मिक आस्था और सनातन परंपराओं का कथित रूप से अपमान करने वाले जनप्रतिनिधियों को संसद में बने रहने का नैतिक अधिकार नहीं है।श्रीकृष्ण जन्मभूमि संघर्ष न्यास के अध्यक्ष दिनेश फलाहारी ने भी सांसद के प्रदर्शन पर आपत्ति जताते हुए कहा कि धार्मिक भावनाओं को आहत करने वाले कृत्यों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग राजनीतिक लाभ के लिए धार्मिक विषयों का उपयोग करते हैं और सरकार से इस मामले में उचित कार्रवाई की मांग की।
विरोध प्रदर्शन में गोवर्धन और आसपास के क्षेत्रों से आए अनेक साधु-संत शामिल हुए। उन्होंने कहा कि यदि धार्मिक आस्थाओं के अपमान की घटनाएं जारी रहीं तो संत समाज व्यापक स्तर पर आंदोलन करने पर विचार करेगा।उल्लेखनीय है कि यह विरोध प्रदर्शन सांसद पप्पू यादव के संसद परिसर के बाहर किए गए प्रदर्शन के विरोध में आयोजित किया गया।