
भदोही, 14 अक्टूबर । उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय निषाद ने ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी की उत्तर प्रदेश की राजनीति में भूमिका को लेकर कहा कि उनके प्रवेश का प्रदेश की राजनीति पर कोई असर नहीं पड़ेगा।उन्होंने कहा, ”उत्तर प्रदेश, उत्तर प्रदेश है, यह हैदराबाद नहीं है।” भदोही पहुंचे डॉ. निषाद ने विभिन्न राजनीतिक मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि ओवैसी की राजनीति का उत्तर प्रदेश में कोई खास प्रभाव नहीं होगा। एआईएमआईएम की राजनीतिक शैली और ओवैसी के बयानों का सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) के अध्यक्ष ओमप्रकाश राजभर द्वारा समर्थन किए जाने के सवाल पर निषाद ने कहा कि सभी की अपनी-अपनी बात है, लेकिन भारत में उन्मादी लोगों की कोई जरूरत नहीं है।
समाजवादी पार्टी से निष्कासित विधायकों अभय सिंह, राकेश प्रताप सिंह और विनोद चतुर्वेदी के भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने पर उन्होंने कहा कि राजनीति करने का अधिकार सभी को है। उन्होंने कहा कि जो भी भाजपा की विचारधारा से सहमत है, उसका पार्टी में स्वागत है।डॉ. निषाद ने बताया कि निषाद पार्टी की ओर से आगामी 21 अक्टूबर को नई दिल्ली के तालकटोरा इंडोर स्टेडियम में विशाल महारैली और महासम्मेलन आयोजित किया जाएगा। इसमें मछुआ समुदाय को संवैधानिक रूप से अनुसूचित जाति (एससी) आरक्षण का अधिकार दिलाने सहित समुदाय की अन्य सामाजिक मांगों को प्रमुखता से उठाया जाएगा।
उन्होंने कहा कि महारैली के माध्यम से मछुआ समुदाय की आवाज दिल्ली सरकार तक पहुंचाई जाएगी। निषाद ने कहा कि लेदरमैन और वॉशरमैन को लाभ मिल रहा है, जबकि फिशरमैन इससे वंचित हैं। उन्होंने मछुआ समुदाय को भी उसका हक और अधिकार दिलाने की आवश्यकता पर जोर दिया।