
अमेठी, 28 मई । समाजवादी पार्टी (सपा) की अमेठी विधायक महाराजी प्रजापति के आवास पर मारपीट और धमकी के मामले ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा) प्रमुख एवं उत्तर प्रदेश में पंचायती राज मंत्री ओम प्रकाश राजभर ने इस घटना को लेकर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर तीखा हमला बोला है।ओम प्रकाश राजभर ने सोशल मीडिया पर जारी अपने बयान में आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी में गैर-यादव पिछड़ों और दलितों की स्थिति केवल “झंडा ढोने, दरी बिछाने और वोट देने” तक सीमित है। उन्होंने कहा कि पार्टी में सम्मान और संरक्षण केवल एक विशेष वर्ग को मिलता है।
राजभर ने लिखा कि सपा की महिला विधायक महाराजी प्रजापति के साथ उनकी ही पार्टी के कार्यकर्ताओं द्वारा कथित रूप से मारपीट, गाली-गलौज और जान से मारने की धमकी दी जा रही है, लेकिन अखिलेश यादव इस मामले पर चुप्पी साधे हुए हैं।उन्होंने आरोप लगाया कि विधायक के बेटे अनुराग प्रजापति ने कैमरे पर कुछ लोगों के नाम लेते हुए उनकी मां को धमकाने और मारपीट करने का आरोप लगाया है, इसके बावजूद पार्टी नेतृत्व की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई।
सुभासपा प्रमुख ने अपने बयान में कहा कि “महाभारत में धृतराष्ट्र पुत्र मोह में अंधे थे, आज अखिलेश यादव ‘यादव मोह’ में अंधे हो गए हैं।” उन्होंने सपा के पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) नारे पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि यह केवल चुनावी नारा बनकर रह गया है।उन्होंने यह भी कहा कि जब पार्टी की अपनी महिला विधायक ही सुरक्षित नहीं हैं, तो प्रदेश की गरीब और पिछड़े समाज की महिलाओं की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है।
उल्लेखनीय है कि मंगलवार को अमेठी की सपा विधायक महाराजी प्रजापति के बेटे अनुराग प्रजापति ने पुलिस को शिकायत पत्र देकर आरोप लगाया था कि आवास विकास कॉलोनी स्थित उनके घर पर दर्जनभर से अधिक लोग पहुंचे और मारपीट के साथ गाली-गलौज की। उन्होंने दावा किया कि घटना सीसीटीवी कैमरे में कैद हुई है। अनुराग प्रजापति ने पुलिस के साथ-साथ सपा प्रमुख अखिलेश यादव से भी मामले में हस्तक्षेप कर कार्रवाई की मांग की थी। पुलिस ने बुधवार को नामजद पांच आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की है।