
लखनऊ 30 अगस्त। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) की प्रतिष्ठित राज्य न्यायिक सेवा (पीसीएस-जे) की प्रारंभिक परीक्षा में बेटियों ने एक बार फिर परचम लहराया है।
बुधवार को घोषित परिणामों के अनुसार टॉप 20 में 15 बेटियों ने जगह बनाई है जबकि कुल 302 चयनित अभ्यर्थियों में 165 बच्चियों ने सफलता का कीर्तिमान बनाया,जो लगभग 55 फीसदी है।
यूपीपीएससी ने साढ़े छह माह के अंदर परिणाम घोषित कर कीर्तिमान बनाया है। साथ ही आयोग ने साक्षात्कार खत्म होने के 48 घंटे के अंदर परिणाम घोषित कर बहुत बड़ी उपलब्धि हासिल की है। इस परीक्षा में कुल 303 रिक्तियों के सापेक्ष 302 अभ्यर्थियों को सफल घोषित किया गया है। एक रिक्ति का परिणाम उच्चतम न्यायालय में रिट पिटीशन के तहत पारित अंतरिम आदेश के कारण घोषित नहीं किया गया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रिकॉर्ड समय में चयन प्रक्रिया पूर्ण होने पर यूपीपीएससी के साथ ही सफल हुए अभ्यर्थियों खासकर महिला अभ्यर्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।
आयोग द्वारा न्यायिक सेवा सिविल जज (जूनियर डिवीजन) परीक्षा-2022 की प्रारंभिक परीक्षा का आयोजन 12 फरवरी किया गया था। इसमें कुल 50 हजार 837 अभ्यर्थी सम्मिलित हुए थे। प्रारंभिक परीक्षा का परिणाम 16 मार्च को घोषित किया गया, जिसमें कुल 3145 अभ्यर्थी मुख्य परीक्षा में सम्मिलित होने के लिए सफल रहे।
मुख्य परीक्षा का आयोजन 23, 24 और 25 मई को किया गया,जिसमें 3019 अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया। मुख्य परीक्षा का परिणाम एक अगस्त को घोषित हुआ, जिसमें 959 अभ्यर्थी सफल हुए। इन सभी 959 अभ्यर्थियों का साक्षात्कार 16 अगस्त से 28 अगस्त तक चला और आयोग ने 30 अगस्त को परीक्षा का फाइनल रिजल्ट घोषित कर दिया। यानी साक्षात्कार के 48 घंटे के अंदर रिजल्ट डिक्लेयर कर दिया गया, जो वाकई एक कीर्तिमान है।