
नयी दिल्ली, 30 अगस्त। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि भारत 3.5 लाख करोड़ डॉलर से बढ़ कर 2047 तक 35 लाख करोड़ डॉलर की अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहा है, यह मानव जाति के इतिहास में सबसे बड़ा व्यावसायिक अवसर होगा।
श्री गोयल ने उत्तरी भारत के निर्यातकों को सम्मानित करते हुए कहा कि भारतीय व्यवसायों में धीमी वृद्धि और चल रहे भू-राजनीतिक तनाव के कारण आने वाली चुनौतियों से बाहर निकलने की दक्षता और क्षमता है। उन्होंने कहा कि भारत विकास के इंजन के रूप में उभरा है और हर क्षेत्र में इसकी सफलता हमारी अर्थव्यवस्था की ताकत को दर्शाती है।
वाणिज्य मंत्रालय के साथ खाद्य एवं उपभोक्ता मामले और कपड़ा मंत्रालय का कार्यभार संभाल रहे श्री गोयल ने मंगलवार शाम को आयोजित समारोह में उत्कृष्ट निर्यातकों और सेवा प्रदाताओं को उनके निर्यात प्रदर्शन और निर्यात में वृद्धिशील उत्कृष्ट प्रदर्शन के आधार पर फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट आर्गनाइजेशन्स (फियो) के ‘उत्तरी क्षेत्र निर्यात उत्कृष्टता पुरस्कार का सातवां और आठवां सेट प्रदान किया।”
उन्होंने भारत में जी20 की शिखर बैठक को देश के बढ़ते कद और तेज कद की स्वाभाविक उपलब्धि के रूप में निरुपित करते हुए कहा भारत वास्तव में शेष दुनिया का एक विश्वसनीय भागीदार बन सकता है और वैश्विक विकास प्रक्रिया का नेतृत्व करते हुए एक समृद्ध राष्ट्र बन सकता है।
वाणिज्य मंत्री ने कहा, “जैसे-जैसे हम 2047 तक 3.5 लाख करोड़ अमेरिकी डॉलर से 35 लाख करोड़ अमेरिकी डॉलर की अर्थव्यवस्था की ओर बढ़ रहे हैं, भारत मानव जाति के लिए सबसे बड़ा व्यावसायिक अवसर प्रस्तुत करेगा।”
श्री गोयल ने 2030 तक वस्तु एवं सेवाओं का वार्षिक निर्यात वर्तमान 750 अरब डॉलर (75 हजार करोड़ डॉलर) के वर्तमान स्तर से बढ़ा कर दो लाख करोड़ डालर पहुंचाने के लक्ष्य के लिए काम करने का निर्यातकों का आह्वान करते हुए कहा कि डिजिटलीकरण और तकनीक अपनाने से वास्तव में भारत की क्षमता का दोहन होगा।
फियो के अध्यक्ष, डॉ. ए शक्तिवेल ने अपने संबोधन में सभी पुरस्कार विजेताओं को बधाई दी और उल्लेख किया कि मोदी सरकार के गतिशील नेतृत्व में, हमारे निर्यातकों ने चुनौती का सामना किया है और उल्लेखनीय निर्यात प्रदर्शन किया है। संयुक्त अरब अमीरात और ऑस्ट्रेलिया के साथ हाल ही में हस्ताक्षरित एफटीए से निर्यात और द्विपक्षीय व्यापार को महत्वपूर्ण बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त, हम वर्तमान में ब्रिटेन, कनाडा और इज़राइल के साथ एफटीए को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया में हैं, उम्मीद है कि हम जल्द ही उन पर हस्ताक्षर करेंगे।
फियो के महानिदेशक और सीईओ डॉ. अजय सहाय ने कहा कि कोविड काल के दौरान उत्कृष्ट निर्यातकों द्वारा दिखाया गया अनुकरणीय प्रदर्शन भारतीय निर्यात क्षेत्र के लचीलेपन को दर्शाता है। डॉ. सहाय ने आगे कहा कि जल्द ही, हम अगस्त 2023 से निर्यात वृद्धि में पुनरुद्धार देखेंगे। हालांकि, क्षेत्र की चिंताओं को दोहराते हुए, डीजी और सीईओ, फियो ने कहा कि पर्यावरण और श्रम को हल करने सहित गैर-व्यापार मुद्दे चर्चा का विषय बन गए हैं। अंतर्राष्ट्रीय व्यापार का भविष्य अधिक से अधिक विकसित देशों द्वारा सीबीएएम नियमों को अपनाने के साथ, विदेशी व्यापार के क्षेत्र में भविष्य के लिए तैयार होने के लिए इन मुद्दों और नए ईएसजी मानदंडों पर व्यापार और उद्योग को संवेदनशील बनाना समय की मांग है।
फियो के क्षेत्रीय अध्यक्ष (उत्तरी क्षेत्र) राज कुमार मल्होत्रा ने कहा कि माननीय मंत्री द्वारा फियो के उत्तरी क्षेत्र निर्यात उत्कृष्टता पुरस्कारों की प्रस्तुति ने न केवल हमारे निर्यातकों को प्रोत्साहित किया है, बल्कि उन्हें उभरती वैश्विक चुनौतियों का सामना करने के लिए भी प्रेरित किया है।