
कानपुर, 24 सितंबर । केंद्र सरकार के नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीआरपी) की लगातार निगरानी के दौरान कानपुर पुलिस ने फर्जी फर्म बनाकर साइबर ठगी की रकम विभिन्न बैंक खातों में स्थानांतरित करने वाले नेटवर्क का पर्दाफाश करते हुए चार अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है।पुलिस के अनुसार, एनसीआरपी पोर्टल की मॉनिटरिंग के दौरान कुछ संदिग्ध बैंक खातों की जानकारी मिली। जांच में एक खाते में करीब आठ करोड़ रुपये के संदिग्ध लेनदेन तथा विभिन्न राज्यों से 116 शिकायतें दर्ज होने की जानकारी सामने आई। विस्तृत जांच में पता चला कि फर्जी फर्म बनाकर साइबर फ्रॉड से प्राप्त धनराशि को विभिन्न बैंक खातों में ट्रांसफर किया जा रहा था।
जांच के दौरान ऐसी कुल पांच फर्मों की जानकारी सामने आई। इन फर्मों से संबंधित बैंक खातों के विरुद्ध एनसीआरपी पोर्टल पर कुल 322 शिकायतें दर्ज मिलीं तथा करीब 250 करोड़ रुपये की संदिग्ध धनराशि के लेनदेन का पता चला। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए विपिन कुमार, शिव प्रताप समेत चार अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पूछताछ में फर्जी फर्म और बैंक खाते खुलवाने, परिसर किराये पर उपलब्ध कराने तथा दस्तावेज तैयार कराने में अन्य लोगों की भूमिका भी सामने आई है।पुलिस के मुताबिक प्रकरण में राजशेखर और हिमांशु गौतम समेत अन्य संदिग्धों की भूमिका की जांच की जा रही है। फरार अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें लगातार प्रयास कर रही हैं। साथ ही साइबर ठगी की धनराशि के मनी ट्रेल की भी गहनता से जांच की जा रही है।