
इटावा, 23 अक्टूबर। समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर वोट चोरी का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी को इसके लिए विश्वविद्यालय खोलकर अपने कार्यकर्ताओं के लिए तीन साल का पाठ्यक्रम चलाना चाहिए।श्री यादव अपने पैतृक गांव सैफई में स्नातक विधान परिषद चुनाव के लिए मतदान करने के बाद पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने शिक्षक-स्नातक विधान परिषद चुनाव में कथित गड़बड़ियों को लेकर चुनाव आयोग पर निशाना साधा और आरोप लगाया कि कई जिलों से मतदाता सूची में अनियमितताओं तथा मतदान प्रभावित करने की शिकायतें मिल रही हैं।
उन्होंने आगरा, फतेहपुर, गोरखपुर, जौनपुर और कन्नौज समेत कई जिलों में मतदान प्रभावित करने की शिकायतों का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि सपा समर्थक मतदाताओं को रोकने के लिए भाजपा से जुड़े लोगों और अधिकारियों का इस्तेमाल किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में गड़बड़ी की शिकायतें वर्ष 2022 से उठाई जा रही हैं। राजनीतिक दलों को उपलब्ध मतदाता सूची और मतदान केंद्रों पर पीठासीन अधिकारियों के पास मौजूद सूची में अंतर होने के आरोपों की जांच होनी चाहिए। उन्होंने चुनाव आयोग पर शिकायतों के प्रति निष्क्रिय रहने का आरोप भी लगाया।सपा अध्यक्ष ने शिक्षक और स्नातक मतदाताओं से अपने मताधिकार का अनिवार्य रूप से प्रयोग करने की अपील करते हुए कहा कि एक-एक वोट लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए महत्वपूर्ण है। वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में गठबंधन और सीटों के बंटवारे के सवाल पर अखिलेश ने कहा कि भाजपा को हराना विपक्ष का लक्ष्य है और इसके लिए रास्ता निकाला जाएगा। उन्होंने कांग्रेस के साथ गठबंधन मजबूत करने की बात भी कही।
भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए उन्होंने रोजगार, निवेश, आरक्षण, प्राथमिक शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं के मुद्दे उठाए। डीएपी खाद की किल्लत के लिए उन्होंने केंद्र सरकार की विदेश नीति और व्यापारिक समझौतों को जिम्मेदार ठहराया।निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद की नाराजगी से जुड़े सवाल पर अखिलेश ने कहा कि चुनाव के समय वादे पूरे नहीं होने पर सवाल उठना स्वाभाविक है। आजम खां से मुलाकात के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि न्याय और सच्चाई को कैद नहीं किया जा सकता। आजम खां के समर्थन में उन्होंने कहा, “आजम खां साहब आजम थे, आजम हैं और आजम रहेंगे।”
लखनऊ-आगरा एक्सप्रेसवे की खराब हालत पर उन्होंने मीडिया से इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाने की अपील की। सपा सरकार बनने पर पत्रकारों को संभावित सुविधाएं दिए जाने के सवाल पर उन्होंने व्यंग्यात्मक अंदाज में कहा कि यदि पत्रकार सच खबर चलाएंगे तो भाजपा के लोग उनके पीछे पड़ सकते हैं। ऐसे में पत्रकारों को बुलेटप्रूफ जैकेट और हेलमेट की जरूरत पड़ेगी, जो उनकी सरकार उपलब्ध कराएगी।