
लखनऊ, 30 अक्टूबर। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि वर्ष 2016 में नोटबंदी के बाद अखिलेश यादव को रातभर नींद नहीं आई थी। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में भाजपा की राजनीतिक सफलता के पीछे मजबूत संगठन और कार्यकर्ताओं की मेहनत रही है। पार्टी एक बार फिर प्रदेश में सरकार बनाने जा रही है और इसमें कोई संदेह नहीं है।श्री शाह ने वर्ष 2014 के राजनीतिक हालात का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय उत्तर प्रदेश में भाजपा के केवल 44 विधायक थे और पार्टी की स्थिति काफी निराशाजनक थी। वह खुद तहसील स्तर तक गए और संगठन को मजबूत करने में जुटे। जब संगठन व्यवस्थित हुआ तो वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा ने उत्तर प्रदेश में 41 प्रतिशत वोट हासिल कर 73 सीटें जीतीं।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2016 में नोटबंदी के बाद अखिलेश यादव को रातभर नींद नहीं आई थी। इसके बावजूद वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने करीब 40 प्रतिशत वोट हासिल कर 312 सीटों पर जीत दर्ज की। शाह ने इसे संगठन की ताकत और कार्यकर्ताओं के परिश्रम का परिणाम बताया।श्री शाह ने कहा कि रामभक्तों पर गोली चलवाने वाले किस मुंह से उत्तर प्रदेश में सरकार बनाने की बात करते हैं। प्रदेश की जनता रामभक्तों पर गोली चलवाने वालों को कभी माफ नहीं करेगी। उन्होंने विश्वास जताया कि उत्तर प्रदेश में भाजपा लगातार तीसरी बार सरकार बनाने जा रही है।
उन्होने 30 अक्टूबर की तारीख का उल्लेख करते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश के इतिहास में इस दिन का बड़ा योगदान है। आज ही के दिन वर्ष 1990 में अयोध्या में रामभक्तों पर गोलियां चलाई गई थीं। उन्होंने विपक्ष से सवाल किया कि जिन लोगों ने रामभक्तों पर गोलियां चलवाईं, वे किस मुंह से सरकार बनाने की बात करते हैं।केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भाजपा ने राम मंदिर बनवाया है और जनता रामभक्तों पर गोली चलवाने वालों को माफ नहीं करेगी। उनकी तीसरी पीढ़ी को भी जनता माफ नहीं करेगी। गृह मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में लगातार तीसरी बार भाजपा की सरकार बनाने का समय आ गया है। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने सरकार की चिंता किए बिना विवादित ढांचे को ध्वस्त कराया। उत्तर प्रदेश में भाजपा सरकार अंगद का पैर है, जिसे कोई हटा नहीं सकता।
श्री शाह ने भाजपा के राजनीतिक सफर का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 2014 में उत्तर प्रदेश में पार्टी के केवल 44 विधायक थे। उस समय वह काफी निराश थे और संगठन की स्थिति सुधारने के लिए तहसील स्तर तक गए। संगठन मजबूत हुआ तो वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में भाजपा ने 41 प्रतिशत वोट के साथ 73 सीटें जीतीं।उन्होंने कहा कि वर्ष 2016 में नोटबंदी के बाद अखिलेश यादव को रातभर नींद नहीं आई थी। इसके बाद वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में भाजपा ने करीब 40 प्रतिशत वोट हासिल कर 312 सीटों पर जीत दर्ज की। शाह ने कहा कि यह जीत संगठन की मजबूती और कार्यकर्ताओं की मेहनत का परिणाम थी।
गृह मंत्री ने कार्यकर्ताओं में उत्साह भरते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में एक बार फिर भाजपा की सरकार बनने जा रही है। पार्टी को अपनी संगठनात्मक ताकत के दम पर आगामी विधानसभा चुनाव में भी सफलता मिलेगी।