
लखनऊ 09 जनवरी : उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय ने मंगलवार को आरोप लगाया कि असंगठित क्षेत्र के मजदूरों के जीवन में आमूलचूल बदलाव लाने वाली मनरेगा योजना को मौजूदा भाजपा सरकार मीठा जहर देने में कोई कोर कसर नहीं छोड़ रही है।
श्री राय ने यहां जारी बयान में कहा कि आज की तारीख में उत्तर प्रदेश के एक करोड़ 17 लाख मजदूर परिवारों को 56 दिन से गरीब मनरेगा मजदूरों की दिहाड़ी उनके खातों में नहीं पहुंची है जबकि अधिनियम में प्राविधान है कि 15 दिन के अन्दर मजदूरी मजदूर के खाते में पहुंच जानी चाहिए। इसी प्रकार प्रदेश में इस योजना में कार्यरत 45 हजार अल्प मानदेय पाने वाले संविदाकर्मी को छह माह से लेकर एक साल का मानदेय बकाया है।
उन्होने कहा कि भाजपा सरकार के इस षडयन्त्र से मजदूर निराश होकर मनरेगा में मजदूरी छोड़ पुनः पलायन के लिए मजबूर होंगे एवं यह शिक्षित नौजवान जो पिछले 17 साल से मनरेगा में कार्य कर रहे थे जिनको न तो कोई सामाजिक सुरक्षा है न ही सेवा सुरक्षा है इससे वह बेरोजगार हो रहे हैं।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने प्रदेश सरकार से मांग की है कि अधिनियम के अनुसार मजदूरों को विलम्बित मजदूरी ब्याज समेत मिले एवं संविदाकर्मियों को मानदेय न मिलने के दोषी अधिकारियों पर सख्त कार्यवाही करे।