
लखनऊ, 12 अगस्त । उत्तर प्रदेश में यमुना एक्सप्रेसवे और गंगा एक्सप्रेसवे को जोड़ने वाली 74 किलोमीटर लंबी लिंक रोड के निर्माण की दिशा में सरकार ने एक और कदम बढ़ाया है। उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यूपीडा) ने परियोजना के प्रथम और द्वितीय चरण के लिए विकासकर्ता चयन को लेकर निविदाएं जारी कर दी हैं।अधिकृत सूत्रों के मुताबिक परियोजना के विकासकर्ता को डिजाइन, इंजीनियरिंग, खरीद और निर्माण के साथ पांच वर्ष की दोष दायित्व अवधि के दौरान रखरखाव की जिम्मेदारी भी निभानी होगी। परियोजना को तीन वर्ष में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। करीब 8,586 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाली यह छह लेन की नियंत्रित प्रवेश वाली सड़क होगी, जिसे भविष्य में आठ लेन तक विस्तारित किया जा सकेगा।
उन्होने बताया कि राज्य सरकार ने अनुपूरक बजट में परियोजना के लिए 250 करोड़ रुपये की व्यवस्था की है।हाल ही में प्रदेश मंत्रिमंडल ने दोनों एक्सप्रेसवे को जोड़ने वाली इस 74 किलोमीटर लंबी लिंक रोड के निर्माण को अंतिम मंजूरी दी थी। इसका उद्देश्य नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से तेज और सीधा सड़क संपर्क उपलब्ध कराना है। इससे बुलंदशहर समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लोगों को हवाईअड्डे तक पहुंचने में सुविधा होगी।
प्रस्तावित लिंक एक्सप्रेसवे यमुना एक्सप्रेसवे के 24.8 किलोमीटर बिंदु पर, यीडा के सेक्टर-21 में प्रस्तावित फिल्म सिटी के पास से शुरू होगा और बुलंदशहर के स्याना के निकट गंगा एक्सप्रेसवे के 44.3 किलोमीटर बिंदु से जुड़ेगा। यह मार्ग गौतमबुद्धनगर के आठ और बुलंदशहर के 48 समेत कुल 56 गांवों से होकर गुजरेगा।गौतमबुद्धनगर और बुलंदशहर में परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है। यमुना प्राधिकरण क्षेत्र में करीब 90 प्रतिशत भूमि का अधिग्रहण पूरा हो चुका है। मेहंदीपुर और भैपुर गांवों की करीब 23 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण अभी बाकी है। बुलंदशहर में भी भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी है। परियोजना के तहत सात अंडरपास, 11 छोटे पुल, तीन बड़े पुल, दो अंडरपास, एक फ्लाईओवर और चार रेलवे ओवरब्रिज बनाए जाएंगे। निर्माण कार्य दो चरणों में पूरा किया जाएगा। पहले चरण में ग्रेटर नोएडा के भैपुर ब्राह्मणान से बुलंदशहर के बिचौला गांव तक करीब 24 किलोमीटर सड़क का निर्माण होगा। दूसरे चरण में बिचौला से स्याना क्षेत्र के बहानपुर तक करीब 50 किलोमीटर लंबा हिस्सा बनाया जाएगा।
सूत्रों का कहना है कि लिंक रोड के बनने से यमुना और गंगा एक्सप्रेसवे के बीच सीधा संपर्क स्थापित होगा। साथ ही दोनों एक्सप्रेसवे के आसपास विकसित होने वाले औद्योगिक पार्कों और लॉजिस्टिक क्लस्टरों को भी बेहतर सड़क संपर्क मिलेगा। इससे क्षेत्र में औद्योगिक और व्यावसायिक गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद है।