
नई दिल्ली, 28 अक्टूबर । भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के अध्यक्ष नितिन नवीन ने बुधवार को विपक्ष पर मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर भ्रम फैलाने का आरोप लगाते हुए कहा कि विपक्ष एक ‘घोस्ट वोटर लिस्ट’ चाहता है, ताकि उसकी दुकानदारी चलती रहे।
श्री नवीन ने दिल्ली भाजपा की ओर से आयोजित ‘लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ’ पदयात्रा का नेतृत्व करते हुए कहा कि मतदाता सूची में मृत व्यक्तियों के नाम और एक से अधिक स्थानों पर दर्ज नामों जैसी कथित गड़बड़ियों को दूर करना जरूरी है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस इन खामियों को बनाए रखना चाहती है।
उन्होंने कहा कि मतदाता सूची में उन्हीं भारतीय नागरिकों के नाम होने चाहिए, जिन्हें मतदान का अधिकार प्राप्त है। नवीन ने कहा कि भाजपा का प्रत्येक कार्यकर्ता इस उद्देश्य के लिए संघर्ष करने को तैयार है।
भाजपा अध्यक्ष ने मतदाता सूची की तुलना व्यापारियों की बही-खाते से करते हुए कहा कि जिस तरह व्यापारी अपने खातों से दोहराई गई और गलत प्रविष्टियां हटाकर उन्हें दुरुस्त करते हैं, उसी तरह मतदाता सूची को भी शुद्ध किया जाना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसा किए जाने पर कांग्रेस के नेताओं को परेशानी होती है।
श्री नवीन ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि वह संविधान की प्रति लेकर चलते हैं, लेकिन उन्हें संविधान से कोई मतलब नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस के नेता गांधी और उनके परिवार की बातों को ही सही मानते हैं और इसी सोच के कारण पार्टी का पतन हो रहा है।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने सत्ता में रहते हुए 90 से अधिक ऐसे फैसले लिए, जिनके जरिए जनता द्वारा चुनी गई सरकारों को बर्खास्त किया गया। नवीन ने आरोप लगाया कि इसके बावजूद कांग्रेस अपने अतीत से सबक नहीं ले रही है।
श्री नवीन ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व की प्रशंसा करते हुए दावा किया कि 2029 में भी मोदी लाल किले की प्राचीर से तिरंगा फहराएंगे। उन्होंने कहा कि भाजपा देश के विकास और सांस्कृतिक विरासत को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है तथा विपक्ष उसकी इस दिशा में बढ़ती राजनीतिक पहुंच को नहीं रोक पाएगा।
श्री नवीन ने कहा कि देश के 22 राज्यों में भाजपा की सरकारें हैं और जनता पार्टी को इसलिए चुनती है, क्योंकि वह लोगों के सुख-दुख में उनके साथ खड़ी रहती है। उन्होंने विपक्ष पर युवाओं को भ्रमित करने का आरोप लगाते हुए कहा कि युवा अब सोशल मीडिया पर चलाए जा रहे अभियानों के बजाय वास्तविकता को देख रहे हैं।
इस बीच, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कांग्रेस पर राहुल गांधी को बार-बार आगे बढ़ाने और नए अभियानों के जरिए जनता को प्रभावित करने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कभी यात्रा निकालती है, कभी नया नारा देती है और कभी नया अभियान शुरू करती है, लेकिन उसके प्रयास सफल नहीं होते।
श्रीमती गुप्ता ने ‘वोट चोरी’ के आरोपों पर सवाल उठाते हुए कहा कि कोई व्यक्ति सामने आकर बताए कि उसका वोट चोरी हुआ है। उन्होंने दावा किया कि जनता को अपनी मतदान प्रक्रिया पर भरोसा है और उसने लगातार तीन बार नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र में सरकार बनाने के लिए जनादेश दिया है। उन्होंने कहा कि जनता के जनादेश को चुनौती देकर सत्ता परिवर्तन की कोशिश सफल नहीं होगी।
दिल्ली भाजपा अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने आरोप लगाया कि विपक्ष विदेशी ताकतों के इशारे पर दिल्ली में अराजकता फैलाकर लोकतंत्र को कमजोर करना चाहता है। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता दिल्ली की जनता के साथ खड़े होकर ऐसी कोशिशों का जवाब देंगे। मल्होत्रा ने पदयात्रा को दिल्ली के स्वाभिमान से जुड़ा अभियान बताते हुए कहा कि पार्टी राजधानी को सुरक्षित और सुंदर बनाने के लिए काम करेगी।
भाजपा सांसद प्रवीन खंडेलवाल ने कहा कि राहुल गांधी की ओर से उठाए गए सवालों का चुनाव आयोग ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल हलफनामे में तथ्यों के साथ जवाब दिया है।
दिल्ली सरकार में मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने आरोप लगाया कि विपक्ष अवैध घुसपैठियों, विशेषकर बांग्लादेश और पाकिस्तान से आए लोगों के नाम मतदाता सूची से हटाए जाने का विरोध कर रहा है। उन्होंने कहा कि जनता ऐसी राजनीति को स्वीकार नहीं करेगी।
पदयात्रा ऐतिहासिक लाल किला चौक से शुरू होकर चांदनी चौक स्थित टाउन हॉल चौक पर समाप्त हुई। इसमें मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता, दिल्ली भाजपा अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा, भाजपा के दिल्ली प्रभारी विनय सहस्रबुद्धे, सह-प्रभारी दर्शना जरदोश, सांसद रामवीर सिंह बिधूड़ी और योगेंद्र चंदोलिया सहित कई नेता शामिल हुए।
दिल्ली सरकार के मंत्री रविंद्र इंद्राज सिंह, भाजपा के राष्ट्रीय मंत्री जयप्रकाश, पूर्व सांसद रमेश बिधूड़ी, विधायक सतीश उपाध्याय और अन्य पार्टी पदाधिकारियों ने भी कार्यक्रम में हिस्सा लिया। पदयात्रा में भाजपा कार्यकर्ताओं के अलावा चांदनी चौक के व्यापारी और स्थानीय नागरिक भी शामिल हुए।
भाजपा के अनुसार, पदयात्रा का उद्देश्य विदेशी वित्तपोषण के सहारे कांग्रेस और आम आदमी पार्टी सहित विपक्षी दलों की ओर से चलाए जा रहे कथित हिंसक आंदोलनों के उद्देश्यों को उजागर करना था।