
वाराणसी, 18 जून। माहेश्वरी समाज द्वारा 23 जून को महेश नवमी पर्व हर्षोल्लास, श्रद्धा एवं भव्यता के साथ मनाया जाएगा। यह पर्व भगवान महेश की कृपा एवं माहेश्वरी वंश की उत्पत्ति का प्रतीक है। आयोजन की रूपरेखा को अंतिम रूप देने हेतु शनिवार को महमूरगंज स्थित माहेश्वरी भवन में समाज की आवश्यक बैठक आयोजित की गई।माहेश्वरी समाज के प्रशासनिक एवं परिषद के मीडिया प्रमुख गौरव राठी ने बताया कि महेश नवमी के दिन 23 जून को प्रातः 6:30 बजे दशाश्वमेध घाट से भव्य कलश यात्रा निकाली जाएगी। यह यात्रा गोदौलिया, कोतवालपुरा एवं बांसफाटक मार्ग से होते हुए श्री काशी विश्वनाथ धाम कॉरिडोर पहुंचेगी। यात्रा में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष एवं युवा पारंपरिक वेशभूषा में शामिल होंगे। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश सरकार के आयुष राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ सहभागिता करेंगे।
श्री राठी ने बताया कि महेश नवमी केवल धार्मिक उत्सव नहीं, बल्कि समाज की एकता, सेवा, संस्कार एवं सामाजिक समरसता का प्रतीक पर्व है। इस अवसर पर समाज के सभी सदस्य नए परिधान धारण कर घरों को सजाएंगे तथा पारंपरिक व्यंजन बनाकर पर्व को पारिवारिक एवं सामाजिक सौहार्द के साथ मनाएंगे।उन्होने बताया कि माहेश्वरी परिषद द्वारा 19 जून से ‘महेश सप्ताह’ का शुभारंभ किया जा रहा है। इसके अंतर्गत समाजहित एवं जनसेवा से जुड़े अनेक कार्यक्रम होंगे। इनमें रात्रिकालीन क्रिकेट टूर्नामेंट, बच्चों को निःशुल्क पुस्तक एवं स्टेशनरी किट वितरण, खिचड़ी-शरबत वितरण, रक्तदान शिविर, नेत्रदान जागरूकता अभियान, निःशुल्क प्याऊ स्थापना तथा पर्यावरण संरक्षण पर जन-जागरूकता कार्यक्रम प्रमुख हैं।
माहेश्वरी भवन में 24 जून को भगवान शिव की विधिवत पूजा-अर्चना, सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं समाज के विशिष्टजनों का सम्मान व पुरस्कार वितरण के साथ महेश नवमी महोत्सव का समापन होगा।