
नयी दिल्ली 22 सितम्बर। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि नशे के खिलाफ लड़ाई को अब बैठक और रिपोर्ट से आगे ले जाकर मिशन तथा परिणामों तक पहुंचाना होगा। उन्होंने कहा कि 31 दिसंबर 2029 तक भारत से नशे के कारोबार को जड़ से खत्म करने के लक्ष्य के साथ सभी राज्यों और एजेंसियों को एक दिशा में काम करना होगा।श्री शाह ने मंगलवार को यहां राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के नारकोटिक्स रोधी कार्य बलों के प्रमुखों के तीसरे राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन करते हुए कहा कि नशे के खिलाफ लड़ाई सबसे कठिन लड़ाइयों में से एक है, लेकिन इसे छोड़ा नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि 2047 तक विकसित भारत बनाने और युवाओं को देश के विकास से जोड़ने के लिए भारत को नशामुक्त बनाना जरूरी है।
गृह मंत्री ने कहा, ” विज़न दस्तावेज 2026-2029 इस लड़ाई का रोडमैप है। इसे 35 से ज्यादा विभागों के साथ चर्चा के बाद तैयार किया गया है और इसमें लक्ष्य तथा समयसीमा तय की गई है। उन्होंने कहा कि गृह मंत्रालय या नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो अकेले यह लड़ाई नहीं लड़ सकते, सभी संबंधित विभागों और राज्यों को इसे सर्वोच्च प्राथमिकता देनी होगी।”उन्होंने कहा , “अब मीटिंग से मिशन, रिपोर्टिंग से रिजल्ट, जब्ती से नेटवर्क खत्म करने और केस से कन्विक्शन’ की ओर बढ़ना होगा। केवल ड्रग्स की जब्ती के बजाय पूरे नेटवर्क को खत्म करने पर ध्यान देना होगा। इसके लिए वित्तीय जांच, डिजिटल कड़ियों और ड्रग्स से जुड़े पैसों पर कार्रवाई जरूरी है। कार्टेल पर प्रवेश बिंदु, अंतरराज्यीय वितरण और स्थानीय बिक्री नेटवर्क के स्तर पर कार्रवाई की जाएगी।”
गृह मंत्री ने सिंथेटिक ड्रग्स, प्रीकर्सर केमिकल्स, डार्कनेट, क्रिप्टो और अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क जैसी नई चुनौतियों से निपटने के लिए हर राज्य में विशेष टीम बनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जिलों को ड्रग्स बनाने या देश में प्रवेश देने वाले, परिवहन कॉरिडोर और उपभोग वाले तीन क्लस्टर में बांटा जाएगा।श्री शाह ने कहा कि विज़न दस्तावेज के चार प्रमुख स्तंभ इंटेलिजेंस और ऑपरेशन आधारित कार्रवाई, प्रीकर्सर और सिंथेटिक ड्रग्स पर नियंत्रण, मांग और नुकसान में कमी तथा क्षमता निर्माण और समन्वय। इसके तहत 100 से ज्यादा लक्ष्य तय किए गए हैं। एक लाख नशामुक्त मित्र बनाने के लक्ष्य के तहत अब तक 46,780 का पंजीकरण हो चुका है। ये नशामुक्त मित्र देश के 10 लाख स्कूलों, कॉलेजों और संस्थानों में युवाओं को जागरूक करेंगे।
इस मौके पर उन्होंने नशे के खिलाफ जागरूकता फैलाने से संबंधित टीवी विज्ञापन भी जारी किया। उन्होंने लखनऊ और देहरादून में ब्यूरो के नए क्षेत्रीय परिसर की आधारशिला रखी और ब्यूरो की नई वेबसाइट का शुभारंभ किया। बेहतर प्रदर्शन करने वाली कार्यबलों को सम्मानित भी किया गया।ब्यूरो की ओर से आयोजित दो दिन के सम्मेलन में 36 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के कार्य बलों प्रमुखों के साथ संबंधित सरकारी विभागों और अन्य हितधारकों के प्रतिनिधि हिस्सा ले रहे हैं।